सिंदरी हादसे पर फूटा गुस्सा: मुआवजे को लेकर अड़ी कंपनी, आंदोलन हुआ तेज

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सिंदरी हादसे पर फूटा गुस्सा: मुआवजे को लेकर अड़ी कंपनी, आंदोलन हुआ तेज

डीजे न्यूज तिसरा,धनबाद : सिंदरी मार्शलिंग यार्ड में मैकेनिक अशोक रवानी की मौत के बाद क्षेत्र में आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है। मुआवजे को लेकर कंपनी प्रबंधन, प्रशासन, परिजनों और विभिन्न दलों के नेताओं के बीच तीन दौर की मैराथन वार्ता हुई, लेकिन कोई समाधान नहीं निकल सका। वार्ता विफल होने के बाद आंदोलन और तेज हो गया है।

13 लाख के प्रस्ताव पर भड़के परिजन

त्रिपक्षीय वार्ता में कंपनी प्रबंधन अधिकतम 13 लाख रुपये मुआवजा देने की बात पर अड़ा रहा, जबकि मृतक के परिजन और आंदोलनकारियों ने इसे अपमानजनक बताते हुए खारिज कर दिया। उनका कहना है कि मृतक के दो मासूम बच्चों और पत्नी के भविष्य को देखते हुए कम से कम 40 लाख रुपये का मुआवजा मिलना चाहिए।

आंदोलनकारियों ने साफ कहा कि 40 लाख से कम पर किसी भी तरह का समझौता स्वीकार नहीं होगा।

धरना स्थल बना छावनी

तनावपूर्ण माहौल को देखते हुए धरना स्थल पर भारी पुलिस बल की तैनाती की गई है। बलियापुर थाना प्रभारी सत्यजीत कुमार और गौशाला ओपी प्रभारी शंभू नाथ सिंह पुलिस टीम के साथ लगातार कैंप कर रहे हैं और स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।

नेताओं ने दी आर-पार आंदोलन की चेतावनी

विधायक चंद्रदेव महतो ने कहा कि लापरवाह कंपनी के खिलाफ झारखंड विधानसभा में आवाज उठाई जाएगी। उन्होंने आरोप लगाया कि कंपनी बिना सुरक्षा मानकों और बिना आई-कार्ड के मजदूरों से काम करा रही थी।

भाजपा जिला अध्यक्ष मोहन कुंभकार और पूर्व विधायक की पत्नी तारा देवी ने चेतावनी दी कि यदि प्रशासन और कंपनी ने जल्द न्याय नहीं दिया तो आंदोलन सड़क से सदन तक पहुंचेगा।

झामुमो नेता रानू मंडल और भाजपा नेता जगदीश रवानी भी पीड़ित परिवार के समर्थन में धरना स्थल पर मौजूद हैं।

मरम्मत के दौरान गई जान

जानकारी के अनुसार बलियापुर के खास परघा निवासी अशोक रवानी मार्शलिंग यार्ड रेलवे साइडिंग में खराब पेलोडर की मरम्मत कर रहे थे। इसी दौरान अचानक मशीन का बकेट गिर पड़ा, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। यह कार्य संवेदक भगवती ट्रांसपोर्ट के अधीन कराया जा रहा था।

मृतक अपने पीछे पत्नी गुड़िया देवी और दो बेटे पीयूष (15 वर्ष) तथा आयुष (12 वर्ष) को छोड़ गए हैं। घटना के बाद से क्षेत्र में भारी नाराजगी है और ग्रामीणों व मजदूरों का गुस्सा लगातार बढ़ता जा रहा है।

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