सलैया स्टेशन पर एक्सप्रेस ट्रेनों के ठहराव की मांग तेज
नहीं हुआ समाधान तो होगा उग्र आंदोलन : राजेश सिन्हा
डीजे न्यूज, गिरिडीह : सलैया रेलवे स्टेशन पर एक्सप्रेस ट्रेनों के ठहराव की मांग को लेकर संघर्ष तेज होता जा रहा है। सलैया संघर्ष मोर्चा की ओर से आयोजित आठवीं साप्ताहिक बैठक में नेताओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि जल्द ही स्टेशन पर एक्सप्रेस ट्रेनों का ठहराव सुनिश्चित नहीं किया गया तो चरणबद्ध आंदोलन चलाया जाएगा।
बैठक के दौरान सामाजिक कार्यकर्ता सह माले नेता राजेश सिन्हा ने सलैया संघर्ष मोर्चा के युवाओं को फूलों का गुलदस्ता देकर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि मोर्चा पिछले ढाई वर्षों से लगातार सकारात्मक तरीके से क्षेत्र की समस्याओं को उठाता रहा है। रेलवे विभाग, धनबाद डीआरएम, रेल मंत्री, गिरिडीह सांसद चंद्रप्रकाश चौधरी, कोडरमा सांसद सह केंद्रीय मंत्री अन्नपूर्णा देवी तथा राज्यसभा सदस्य सरफराज अहमद को भी ज्ञापन सौंपा गया, लेकिन अब तक सलैया स्टेशन पर किसी भी एक्सप्रेस ट्रेन का दो मिनट का ठहराव तक सुनिश्चित नहीं हो सका है।
राजेश सिन्हा ने कहा कि आगे भी बैठक, वार्ता और आंदोलन का दौर जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि सलैया संघर्ष मोर्चा लोकतांत्रिक तरीके से अपनी लड़ाई लड़ रहा है और यह झारखंड के युवाओं के लिए एक उदाहरण है। उन्होंने चेतावनी दी कि सलैया स्टेशन रोड की तरह ही ट्रेन ठहराव के मुद्दे पर भी परिणाम जल्द नहीं मिला तो आंदोलन को उग्र रूप दिया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि सलैया स्टेशन रोड का निर्माण शीघ्र कराया जाए, अन्यथा इसके लिए भी जोरदार आंदोलन किया जाएगा।
बैठक की अध्यक्षता करते हुए गौतम सोनी ने बताया कि रविवार को सलैया संघर्ष मोर्चा की आठवीं साप्ताहिक बैठक संपन्न हुई, जिसमें गिरिडीह और सलैया स्टेशन की रेल सुविधाओं को बेहतर बनाने पर चर्चा की गई। तुलसी राणा, अनिल सिंह और निशु सिंह ने कहा कि बैठक का मुख्य उद्देश्य सलैया स्टेशन पर किसी भी एक्सप्रेस ट्रेन के ठहराव नहीं होने से आम यात्रियों को हो रही परेशानी को रेल मंत्रालय और जनप्रतिनिधियों तक पहुंचाना है। उपस्थित लोगों ने एक स्वर में कहा कि सलैया स्टेशन पर ट्रेन ठहराव की मांग पूरी तरह जायज और जनहित से जुड़ी हुई है।
अमित छापरिया और मिथलेश पांडेय ने कहा कि पहली ट्रेन गोड्डा-दिल्ली एक्सप्रेस और दूसरी आसनसोल-रांची एक्सप्रेस है। इन दोनों ट्रेनों को सलैया स्टेशन पर दो-दो मिनट रोकने में कोई परेशानी नहीं है। उन्होंने कहा कि न्यू गिरिडीह स्टेशन पर ट्रेनों के ठहराव समय में दो मिनट की कटौती कर यह सुविधा दी जा सकती है, जो रेलवे अधिकारियों और सांसदों के अधिकार क्षेत्र में आता है। तेलंगाना प्रवासी संघ के अध्यक्ष संजय कुमार, कन्हैया खेतान और बीरेंद्र पांडेय ने कहा कि क्षेत्र के बड़ी संख्या में युवा रोजगार के लिए हैदराबाद, बेंगलुरु, मुंबई और अन्य महानगरों में जाते हैं। ऐसे में सलैया स्टेशन पर ट्रेनों का ठहराव मिलने से उन्हें घर आने-जाने में काफी सुविधा होगी। वहीं संदीप पांडेय, सचिन राम, सिकंदर गोप, श्रीकांत और मिथलेश पांडेय ने कहा कि यदि सरकार रोजगार उपलब्ध नहीं करा सकती तो कम से कम बेहतर रेल सुविधा जरूर उपलब्ध करानी चाहिए। वीरेंद्र पांडेय, संतोष पांडेय और सन्नी ने कहा कि सलैया स्टेशन बोडो, भंडारीडीह, मकतपुर सहित आसपास के लगभग 50 गांवों के लोगों के लिए महत्वपूर्ण विकल्प है। उन्होंने कहा कि यह स्टेशन सुरक्षा की दृष्टि से भी काफी महत्वपूर्ण है और यहां एक्सप्रेस ट्रेनों का ठहराव क्षेत्र के विकास में अहम भूमिका निभाएगा।
बैठक में मुख्य रूप से राजेश सिन्हा, गौतम सोनी, अमित छापरिया, श्रीकांत, मिथलेश पांडेय, अनिल पाण्डेय, निशु सिंह, तुलसी राणा, राजकुमार, बीरेन्द्र पाण्डेय, सनी, कन्हैया खैतान, संतोष पाण्डेय, संदीप पाण्डेय, सिकंदर गोप, राजकुमार साव, गौतम विश्वकर्मा, मोहन तिवारी, सन्नी चौरसिया, अनिल पाण्डेय, बीरेंद्र पाण्डेय, संतोष पाण्डेय, संजू जी (प्रवासी संघ अध्यक्ष), निशु सिंह, मिथलेश पाण्डेय, गौतम सोनी, तुलसी राणा, कन्हैया खैतान, सचिन राम सहित कई लोग उपस्थित थे।