निगम बोर्ड बैठक का पार्षदों ने किया बहिष्कार, प्रशासनिक कार्यशैली पर जताई नाराजगी
डीजे न्यूज, धनबाद: धनबाद नगर निगम की बोर्ड बैठक में शनिवार को उस समय असहज स्थिति उत्पन्न हो गई जब प्रशासनिक कार्यशैली से नाराज 55 वार्डों के पार्षदों ने एकजुट होकर बैठक का बहिष्कार कर दिया। पार्षदों के बहिष्कार के कारण कई महत्वपूर्ण प्रस्ताव, जिन्हें बोर्ड से स्वीकृति मिलनी थी, पारित नहीं हो सके।
बाबूडीह विवाह भवन में आयोजित बोर्ड बैठक में मेयर संजीव सिंह, धनबाद विधायक राज सिन्हा, डिप्टी मेयर अरुण चौहान, सभी वार्डों के पार्षद तथा नगर निगम के अधिकारी मौजूद थे। बैठक के दौरान पार्षदों ने विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में हो रही देरी और प्रशासनिक उदासीनता को लेकर अपना कड़ा असंतोष व्यक्त किया।
पार्षदों का कहना था कि बोर्ड बैठकों में जनहित से जुड़े कई विकास प्रस्ताव पारित किए जाते हैं, लेकिन उन पर समय पर अमल नहीं होने के कारण योजनाएं केवल कागजों तक सीमित रह जाती हैं। इससे जनता के बीच जनप्रतिनिधियों की जवाबदेही प्रभावित होती है और विकास कार्य ठप पड़े रहते हैं।
बैठक के दौरान विधायक राज सिन्हा ने भी नगर निगम की वित्तीय स्थिति का जिक्र करते हुए कहा कि निगम के पास संसाधनों और फंड की कमी है, जिसके कारण कई विकास योजनाओं को गति देने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
वहीं, मेयर संजीव सिंह ने पार्षदों की नाराजगी को गंभीरता से लेते हुए कहा कि जनता ने पार्षदों को अपने क्षेत्र के विकास के लिए चुनकर भेजा है, लेकिन यदि विकास कार्य धरातल पर नहीं उतर रहे हैं तो उनकी नाराजगी स्वाभाविक है। उन्होंने कहा कि नगर निगम के अधिकारियों और पार्षदों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित किया जाएगा ताकि विकास कार्यों में तेजी लाई जा सके। मेयर ने भरोसा दिलाया कि सभी जनप्रतिनिधियों से संवाद कर समस्याओं का समाधान निकाला जाएगा और जनता की अपेक्षाओं के अनुरूप विकास कार्यों को आगे बढ़ाया जाएगा।