हुनरमंद बनेंगी बाल सुधार गृह की बच्चियां, आत्मनिर्भरता की राह होगी आसान
3 नवंबर से शुरू होगा 90 दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम, ब्यूटीशियन, कंप्यूटर और स्वास्थ्य शिक्षा का दिया जाएगा प्रशिक्षण
डीजे न्यूज, देवघर : बाल सुधार गृह सह संप्रेषण गृह में रह रही बच्चियों को हुनरमंद बनाकर आत्मनिर्भर बनाने की पहल की गई है। इसके तहत 15 से 18 वर्ष आयु वर्ग की बच्चियों के लिए तीन नवंबर से 90 दिवसीय विशेष कौशल संवर्धन कार्यक्रम शुरू किया जाएगा। कार्यक्रम के माध्यम से बच्चियों को रोजगारपरक प्रशिक्षण देकर समाज की मुख्यधारा से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा।
इस संबंध में शनिवार को समाहरणालय कक्ष में उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी सौरभ कुमार भुवानिया की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गई। बैठक में उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को प्रशिक्षण कार्यक्रम की सभी तैयारियां समय पर पूरी करने का निर्देश दिया।
उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण के दौरान बच्चियों को ब्यूटीशियन और कंप्यूटर कोर्स की जानकारी एवं व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके अलावा उनके शारीरिक और मानसिक विकास को ध्यान में रखते हुए बुनियादी स्वास्थ्य शिक्षा भी प्रदान की जाएगी।
उपायुक्त ने कहा कि इस पहल का मुख्य उद्देश्य बच्चियों को हुनरमंद बनाने के साथ आर्थिक रूप से सशक्त करना है, ताकि सुधार गृह से बाहर निकलने के बाद वे अपने पैरों पर खड़ी हो सकें और समाज में सम्मानजनक एवं गरिमापूर्ण जीवन जी सकें।
बैठक में उप विकास आयुक्त पीयूष सिन्हा, अनुमंडल पदाधिकारी रवि कुमार, एडीएसएस, सहायक जनसंपर्क पदाधिकारी, डीएमएफटी एवं कौशल विकास की टीम के सदस्य उपस्थित थे।