बाल विवाह एवं डिजिटल हिंसा की रोकथाम पर सेमिनार सम्पन्न
डीजे न्यूज, कतरास(धनबाद): झारखंड ग्रामीण विकास ट्रस्ट (JGVT) एवं जस्ट राइट्स फॉर चिल्ड्रन (JRC) के संयुक्त तत्वावधान में डी.पी.एल.एम. +2 स्कूल, नवागढ़ में बाल विवाह उन्मूलन एवं डिजिटल हिंसा की रोकथाम को लेकर शुक्रवार को जागरूकता सेमिनार का आयोजन किया गया। सेमिनार में विद्यार्थियों को बाल अधिकारों, बाल विवाह के दुष्परिणामों तथा डिजिटल माध्यमों के सुरक्षित उपयोग के बारे में जानकारी दी गई।
ट्रस्ट के निदेशक शंकर रवानी ने कहा कि बाल विवाह बच्चों, विशेषकर लड़कियों के भविष्य, शिक्षा, स्वास्थ्य और स्वतंत्रता पर गंभीर असर डालता है। बाल विवाह को समाप्त करने के लिए केवल कानून बनाना पर्याप्त नहीं है, बल्कि समाज, परिवार, विद्यालय और युवाओं की सक्रिय भागीदारी भी जरूरी है। उन्होंने विद्यार्थियों से अपील की कि वे बाल विवाह के खिलाफ जागरूकता फैलाएं और किसी भी बच्चे के अधिकारों का उल्लंघन होने पर संबंधित जिम्मेदार लोगों एवं प्रशासन को इसकी सूचना दें।
उन्होंने डिजिटल हिंसा के प्रति सचेत करते हुए कहा कि सोशल मीडिया और इंटरनेट का इस्तेमाल करते समय सावधानी बरतना आवश्यक है। किसी की निजी तस्वीर या जानकारी बिना अनुमति साझा करना, ऑनलाइन धमकी देना, अश्लील संदेश भेजना और साइबर उत्पीड़न करना गंभीर विषय हैं। विद्यार्थियों को ऐसी घटनाओं के खिलाफ आवाज उठानी चाहिए तथा जरूरत पड़ने पर अभिभावकों, शिक्षकों और संबंधित अधिकारियों की सहायता लेनी चाहिए।
विद्यालय के प्राचार्य प्रेम रंजन ने कहा कि विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य के लिए शिक्षा के साथ-साथ सामाजिक मुद्दों के प्रति जागरूकता भी आवश्यक है। विद्यालय स्तर पर इस तरह के कार्यक्रम बच्चों को अपने अधिकारों, कर्तव्यों और सुरक्षा के प्रति सजग बनाते हैं। उन्होंने बाल विवाह एवं डिजिटल हिंसा जैसी सामाजिक बुराइयों को रोकने के लिए विद्यार्थियों से जागरूकता अभियान में सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की।
कार्यक्रम के दौरान बिनोद महतो, दीपा रवानी एवं बेबी प्रियंका ने भी विद्यार्थियों को संबोधित किया। वक्ताओं ने बाल विवाह की रोकथाम, बाल अधिकारों के संरक्षण, ऑनलाइन सुरक्षा तथा किसी भी प्रकार की हिंसा के विरुद्ध आवाज उठाने के महत्व पर प्रकाश डाला।
सेमिनार का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को जागरूक बनाकर बाल विवाह मुक्त समाज के निर्माण तथा बच्चों के लिए सुरक्षित, सम्मानजनक और हिंसामुक्त वातावरण सुनिश्चित करने के प्रयासों को मजबूत करना था।
झारखंड ग्रामीण विकास ट्रस्ट एवं जस्ट राइट्स फॉर चिल्ड्रन ने बाल विवाह उन्मूलन और बच्चों की सुरक्षा के लिए सामुदायिक जागरूकता एवं विद्यालयों में संवाद को आगे बढ़ाने की प्रतिबद्धता दोहराई।