टुंडी के गांवों में निकले अखाड़े, हैरतअंगेज करतबों ने मोहा मन
नए अखाड़ा स्थल का हुआ उद्घाटन
डीजे न्यूज, टुंडी (धनबाद) : मुहर्रम के अवसर पर शुक्रवार को टुंडी प्रखंड के विभिन्न गांवों में पारंपरिक अखाड़े निकाले गए, जहां खिलाड़ियों ने हैरतअंगेज करतबों का प्रदर्शन कर लोगों को रोमांचित कर दिया। कमारडीह, रामपुर मोड़, महराजगंज, संग्रामडीह, जाताखूंटी, सर्रा के अलावा कदैयां, छाताबाद, काशीटांड़, शहरपुरा समेत कई गांवों में मुहर्रम के अखाड़े निकाले गए। बड़ी संख्या में लोग इन आयोजनों को देखने पहुंचे।
मुहर्रम के दौरान शांति एवं विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए टुंडी पुलिस प्रशासन कई दिनों से क्षेत्र में फ्लैग मार्च कर रहा था। शुक्रवार को कमारडीह में अखाड़ा कमेटी की ओर से सभी अतिथियों का पगड़ी पहनाकर स्वागत किया गया।
कमारडीह के मुख्य मार्ग पर कुछ देर तक अखाड़े का प्रदर्शन किया गया। इसके बाद आमजन एवं राहगीरों को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसे ध्यान में रखते हुए कमारडीह-हीरापुर मुहाने पर अखाड़े के लिए कमेटी द्वारा निर्धारित नए स्थल का उद्घाटन किया गया।
मुहर्रम इस्लामिक कैलेंडर का पहला महीना है। इसकी ऐतिहासिक पृष्ठभूमि लगभग तेरह सौ वर्ष पूर्व 61 हिजरी की 10 मुहर्रम से जुड़ी है। मान्यता के अनुसार इराक के कर्बला में तत्कालीन शासन के अत्याचारों से पीड़ित लोगों के बुलावे पर इमाम हुसैन अपने परिवार एवं साथियों के साथ पहुंचे थे। उन्होंने अन्यायपूर्ण शासन और बेइंसाफियों के खिलाफ आवाज उठाई तथा अत्याचार के सामने झुकने से इंकार कर दिया। सच्चाई, न्याय और इस्लाम के सिद्धांतों की रक्षा के लिए उन्होंने यजीद की विशाल सेना से युद्ध करते हुए अपने परिवार और 72 साथियों के साथ शहादत दी।
तभी से उनके अनुयायी ताजिया निकालकर यह संदेश देते हैं कि भले ही वे कर्बला न जा सकें, लेकिन उनके दिलों में इमाम हुसैन के प्रति वही सम्मान और श्रद्धा है तथा उनके बलिदान को कभी नहीं भुलाया जाएगा। मुहर्रम का मुख्य उद्देश्य इमाम हुसैन के अदम्य साहस और सच्चाई के लिए दिए गए बलिदान को याद करना, अन्याय और जुल्म के खिलाफ खड़े होने का संदेश देना तथा समाज में इंसानियत और भाईचारे की भावना को बढ़ावा देना है। इस्लाम धर्म में मुहर्रम की 10वीं तारीख का विशेष महत्व माना जाता है। इस दिन कई ऐतिहासिक और महत्वपूर्ण घटनाओं का उल्लेख मिलता है। इस्लाम धर्म के मानने वालों का यह भी कहना है कि कयामत भी इसी तारीख को होगी।
मौके पर डीएसपी नाज़िर अख्तर, सीओ सुरेश प्रसाद वर्णवाल, इंस्पेक्टर साजिद हुसैन, अब्दुल रशीद अंसारी, नेसार अहमद अंसारी, सालाहुद्दीन अंसारी, बबलू अंसारी, अनवर अंसारी, ऐनुल अंसारी, जाहिद हुसैन, अब्दुल कयूम अंसारी, नईम अंसारी, वाजिद अंसारी तथा शहजाद अंसारी सहित सभी अखाड़ों के सदस्य उपस्थित रहे। हजारों दर्शकों ने अखाड़ों में प्रस्तुत किए गए अद्भुत खेल और करतबों का आनंद लिया।