एमएसएमई की कल्याणकारी योजनाओं के प्रति उद्यमियों को किया गया जागरूक
धनबाद व आसपास के 200 से अधिक उद्यमियों ने लिया हिस्सा
डीजे न्यूज, धनबाद: भारत सरकार के सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय (एम.एस.एम.ई.) द्वारा पीएचडी चैंबर ऑफ़ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के सहयोग से सोमवार को धनबाद रेलवे स्टेशन के पास स्थित रेलवे ऑडिटोरियम में ‘उद्यमी जागरूकता और विशेष विक्रेता विकास कार्यक्रम’ का आयोजन किया गया।
इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य भारत सरकार के एम.एस.एम.ई. मंत्रालय की प्रमुख पहलों, विशेष रूप से ‘राष्ट्रीय एससी-एसटी हब योजना’, के प्रति व्यापक जागरूकता पैदा करना था। इसके माध्यम से नए और मौजूदा उद्यमियों को सशक्त बनाना है, ताकि केंद्रीय मंत्रालयों, विभागों और केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यमों द्वारा ‘सार्वजनिक खरीद नीति’ के तहत अनिवार्य 4% खरीद लक्ष्य को पूरा करने में सहयोग मिल सके।
कार्यक्रम के दौरान नए उद्यमियों को अपने उद्यमों को औपचारिक स्वरूप देने के लिए ‘उद्यम पोर्टल’ पर पंजीकरण के महत्व से अवगत कराया गया। वहीं, मौजूदा उद्यमियों को विक्रेता पंजीकरण प्रक्रियाओं, आवश्यक दस्तावेज़ों, केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यमों द्वारा अधिप्राप्त की जाने वाली वस्तुओं, ई-टेंडरिंग प्रक्रिया, ऋण सुविधाओं के विकल्पों और व्यापार विस्तार व स्थिरता के लिए बैंकों द्वारा दी जाने वाली सब्सिडी के संबंध में विस्तृत जानकारी प्रदान की गई।
कार्यक्रम की शुरुआत में नेशनल स्मॉल इंडस्टरीज कॉरपोरेशन, रांची, की वरीय शाखा प्रबंधक किरण मारिया तिरु ने भारत सरकार की पब्लिक प्रोक्योरमेंट पॉलिसी के प्रावधानों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इस नीति के तहत कुल सरकारी खरीद में एससी/एसटी के मालिकाना हक वाले एम.एस.एम.ई. से 4% तथा महिला उद्यमियों के मालिकाना हक वाले एम.एस.एम.ई. से 3% खरीद अनिवार्य है।
कार्यक्रम में तकनीकी सत्र का भी आयोजन किया गया, जिसमें एम.एस.एम.ई., प्रमुख बैंकों, बीसीसीएल, डीवीसी, डीआइसी सहित अन्य प्रशिक्षण संस्थानों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। विशेषज्ञों ने वित्तीय सहायता, वेंडर एम्पैनलमेंट प्रक्रिया और संबंधित सेवाओं पर मार्गदर्शन दिया, जिससे उद्यमियों और प्रमुख हितधारकों के बीच सीधा संवाद स्थापित हुआ और एम.एस.एम.ई. इकोसिस्टम में आपसी सहयोग सुदृढ़ हुआ।
इस अवसर पर वन प्रमंडल पदाधिकारी विकास पालीवाल, सुजीत कुमार (सहायक निदेशक, एम.एस.एम.ई.), सुबोध कांत (जेम), अभिषेक कंडुलना (निदेशक, आरएसईटीआइ), आदित्य चौधरी, रोशन आनंद, नीलू, एचडीएफसी बैंक के अमित कुमार पॉल, बैंक ऑफ़ महाराष्ट्र के सच्चिदानंद सिंह, बीसीसीएल से विक्की आनंद व निखिल प्रकाश, डीवीसी से विनय कुमार व लोकेश मंडल, झारखंड ग्रामीण बैंक से मनोज कुमार पॉल, एस.के. चौधरी, शुभम कुमार, विवेकानंद सिंह सहित कई गणमान्य व्यक्ति व अधिकारी उपस्थित रहे।