कोलकाता में अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत के अभ्यास वर्ग में हंगामा, बैनर फाड़ा, चार कार्यकर्ता घायल-प्रांत संगठन मंत्री वी प्रभु ने की निष्पक्ष जांच की मांग
डीजे न्यूज, गिरिडीह : अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत की ओर से 27 सितंबर को कोलकाता में आयोजित पश्चिम बंगाल प्रांत के अभ्यास वर्ग के दौरान हुई घटना के संबंध में संगठन ने अपना पक्ष रखा है।
संगठन की ओर से प्रांत संगठन मंत्री वी प्रभु ने
प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बताया है कि पश्चिम बंगाल प्रांत का अभ्यास वर्ग जादवपुर विश्वविद्यालय परिसर स्थित सत्यजीत रे फिल्म एंड टेलीविजन इंस्टीट्यूट के ऑडिटोरियम में आयोजित किया गया था। कार्यक्रम के लिए संस्थान में विधिवत आवेदन किया गया था तथा अनुमति प्राप्त होने के बाद 17,250 रुपये का निर्धारित शुल्क भी जमा कराया गया था।
कार्यक्रम दोपहर लगभग 12 बजे प्रारंभ हुआ। इसके बाद बड़ी संख्या में छात्र ऑडिटोरियम में पहुंचे और नारेबाजी करते हुए कार्यक्रम का विरोध करने लगे। प्रदर्शनकारियों द्वारा कार्यक्रम में व्यवधान उत्पन्न किया गया, मंच पर पहुंचकर बैकड्रॉप बैनर फाड़ा गया तथा संगठन के कार्यकर्ताओं के साथ धक्का-मुक्की और मारपीट की गई।
इस घटना में ग्राहक पंचायत संगठन के चार कार्यकर्ता घायल हुए, जिन्हें उपचार के लिए अस्पताल ले जाना पड़ा। पश्चिम बंगाल प्रांत के संगठन मंत्री श्री अंजन दास के साथ भी हाथापाई की गई। स्थिति ऐसी बनी कि कई घंटों तक कार्यकर्ताओं को परिसर से बाहर निकलने में कठिनाई हुई। शाम लगभग 6:30 बजे पुलिस की मौजूदगी में कार्यकर्ताओं को परिसर से बाहर निकाला गया।
संगठन ने कहा कि यह अत्यंत गंभीर और निंदनीय घटना है। किसी भी वैध अनुमति प्राप्त कार्यक्रम में जबरन घुसकर व्यवधान उत्पन्न करना, बैनर फाड़ना, तोड़फोड़ करना और कार्यकर्ताओं के साथ मारपीट करना लोकतांत्रिक अधिकारों का प्रयोग नहीं, बल्कि कानून-व्यवस्था को चुनौती देने वाला कुकृत्य है।
प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है कि अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत ने समय-समय पर उपभोक्ताओं के हितों के विरुद्ध चल रहे अनैतिक, अनुचित और भ्रामक व्यापारिक व्यवहारों के खिलाफ आवाज उठाई है। संगठन के जनजागरण, शिकायतों और वैधानिक प्रयासों के माध्यम से कई मामलों में अनुचित व्यापारिक गतिविधियों पर रोक लगी है। इसलिए यह भी आवश्यक है कि जांच एजेंसियां इस पहलू की निष्पक्षता से जांच करें कि कहीं बड़े आर्थिक हितों वाले किसी अनुचित या अनैतिक व्यापारिक समूह ने इस घटना को प्रभावित, प्रायोजित या भड़काने का प्रयास तो नहीं किया।
इस पूरे मामले को लेकर पुलिस थाने में प्राथमिकी दर्ज कराने की प्रक्रिया संगठन द्वारा शुरू की गई है।
संगठन की प्रशासन से मांग
1. घटनास्थल के उपलब्ध CCTV फुटेज और वीडियो रिकॉर्डिंग की तत्काल जांच की जाए।
2. घटना के दौरान मौजूद सभी पक्षों के बयान दर्ज किए जाएं।
3. बैनर फाड़ने, तोड़फोड़, मारपीट अथवा कानून-व्यवस्था भंग करने वाले प्रत्येक व्यक्ति की भूमिका की जांच की जाए।
4. जांच में जो भी व्यक्ति दोषी पाया जाए, उसके विरुद्ध उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए।
5. घायल कार्यकर्ताओं की शिकायत और उपलब्ध मेडिकल रिकॉर्ड को जांच का हिस्सा बनाया जाए।
6. घटना के दौरान कार्यकर्ताओं को परिसर से बाहर निकलने में हुई कठिनाई और पुलिस की भूमिका की भी निष्पक्ष समीक्षा की जाए।
7. यह भी जांच की जाए कि कहीं किसी बड़े अनुचित व्यापारिक हित या संगठित समूह ने घटना को प्रभावित करने, प्रायोजित करने या भड़काने का प्रयास तो नहीं किया।
अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत, झारखंड प्रांत के प्रांत संगठन मंत्री वी प्रभु ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में विरोध का अधिकार सभी को है, लेकिन विरोध शांतिपूर्ण और कानूनसम्मत तरीके से होना चाहिए। इस घटना को सामान्य विवाद मानकर टालना स्वीकार्य नहीं होगा।