पेट्रोलियम मूल्य वृद्धि के खिलाफ कांग्रेस ने केंद्र सरकार का पुतला फूंका
देश की जनता को उपदेश देकर प्रधानमंत्री खुद विदेश यात्रा पर चले गए : सतीश केडिया
डीजे न्यूज, गिरिडीह : जिला कांग्रेस कमेटी ने शनिवार को केंद्र सरकार द्वारा पेट्रोलियम पदार्थों के मूल्य में की गई वृद्धि के खिलाफ टावर चौक पर केंद्र सरकार का पुतला दहन किया। प्रदर्शन बहुत ही अनोखे रूप से बैलगाड़ी पर चढ़कर किया गया। पार्टी के कुछ लोग बैलगाड़ी पर चढ़े हुए थे और काफी लोग नीचे केंद्र सरकार होश में आओ, रोको महंगाई बांधो दाम नहीं तो होगा चक्का जाम, बहुत हुई महंगाई की मार जल्दी हटाओ मोदी सरकार जैसे नारे लगा रहे थे। पुतला दहन के बाद मीडिया को संबोधित करते हुए जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष सतीश केडिया ने बताया कि हमारे नेता ने पूर्व में बता दिया था कि जैसे ही चुनाव खत्म होंगे पेट्रोलियम पदार्थों के मूल्य में वृद्धि कर दी जाएगी। ठीक वैसा ही केंद्र सरकार ने किया है। इस देश के प्रधानमंत्री जनता से अपील करते हैं कि देश की जनता खाने का तेल कम इस्तेमाल करें। डीजल पेट्रोल कम इस्तेमाल करें, विदेश यात्रा न करें, सोने की खरीदारी ना करें। ऐसा बोलते ही दूसरे दिन विदेश यात्रा पर रवाना हो जाते हैं। ऐसे ही लोगों के लिए कहा गया है पर उपदेश कुशल बहुतेरे। यह सरकार हर क्षेत्र में अपने काम में विफल है। बार-बार सभी परीक्षाओं के प्रश्न पत्र लीक हो जा रहे हैं और लीक करने वालों में भाजपा के लोग ही पकड़े जा रहे हैं। आज के प्रदर्शन में बैलगाड़ी पर प्रदर्शन करना जनता को सांकेतिक रूप से यह बताना है कि यह सरकार पेट्रोलियम पदार्थों को इतना महंगा करने वाली है कि जनता बैलगाड़ी पर चलने को विवश हो जाएगी।
आज देश के प्रधानमंत्री कहते हैं कि वैश्विक संकट है लेकिन क्या यह संकट चार दिन पहले चुनाव में नहीं था। तब मोदी जी लगातार धुआंधार रैलियां कर रहे थे। चुनाव जीतने के लिए हर संभव असंभव कार्य किये जा रहे थे। उस समय वैश्विक संकट नहीं था क्या। कांग्रेस पार्टी हर तरह से जनता के साथ है। कांग्रेस पार्टी का लक्ष्य सत्ता नहीं है। इस देश में लगातार लोकतंत्र को ध्वस्त करने की साजिश हो रही है। देश में सद्भावना का जो ताना बाना हैं उसको समाप्त करने की कोशिश की जा रही है।
उसके खिलाफ कांग्रेस लड़ती रहेगी। इस कार्यक्रम में मुख्य रूप से समीर चौधरी, मोहम्मद अली खान, अशोक विश्वकर्मा, राजेश पुरी, इतवारी वर्मा, प्रोफेसर मंजूर अंसारी, परेशनाथ मित्र, मोहम्मद निजाम अंसारी, धनंजय गोस्वामी, मोहम्मद मिराज अख्तर, लक्ष्मी कुमारी, मोहम्मद इशाक अंसारी, मोहम्मद सोहेल, दिनेश्वर कुमार, सुजीत मंडल, अमन मंडल, ऋषिकेश मिश्रा, शाहनवाज अंसारी, सरफराज अंसारी, छोटू रविदास, अतुल कुमार, मंसूर राजा, हसनैन अंसारी, साबिर खान, करण दास, इमामुद्दीन, शाहनवाज, मनीर आलम, बबलू मुर्मू, सुलेमान अख्तर, बिलाल अहमद, असलम गुलाम, नदीम अख्तर, मोहम्मद चांद, मनीष वर्मा, जुनेद आलम, अहमद रजा, नूरी अख्तर, इमाम सद्दाम हुसैन, जीशान अहमद, अमानत अली, करण यादव, गोल्डी सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित थे।