जामताड़ा में माकपा जिला कमेटी की बैठक : जनसमस्याओं और पीपीपी मोड के विरोध पर बनी रणनीति
डीजे न्यूज, जामताड़ा : माकपा कार्यालय ज्योति बसु भवन, जामताड़ा में सचिन राणा की अध्यक्षता में जिला कमेटी की बैठक रविवार को आयोजित की गई। बैठक का मुख्य एजेंडा संगठनात्मक गतिविधियों की समीक्षा के साथ-साथ जिले के ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों की ज्वलंत समस्याओं पर चर्चा करना तथा राज्य एवं केंद्र सरकार द्वारा लिए जा रहे जनविरोधी निर्णयों पर विचार-विमर्श करना रहा।
बैठक में उपस्थित सभी सदस्यों ने अपने-अपने विचार रखते हुए कहा कि लगातार बढ़ती गर्मी के कारण पेयजल की समस्या गंभीर होती जा रही है। ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में सरकारी योजनाओं के तहत बनाए गए पेयजल आपूर्ति सिस्टम एवं चापाकलों की समुचित देखरेख सुनिश्चित करने की मांग की गई। इसके साथ ही नगरीय क्षेत्रों में साफ-सफाई और अन्य बुनियादी सुविधाओं पर प्रशासन का ध्यान आकृष्ट करने की बात कही गई।
बैठक में हाल ही में राज्य सरकार द्वारा स्वास्थ्य विभाग से जुड़े कैबिनेट निर्णय, जिसमें जामताड़ा सदर अस्पताल को पीपीपी मोड (40% केंद्र, 40% राज्य एवं 20% निजी भागीदारी) में संचालित करने की योजना है, का कड़ा विरोध किया गया। सीपीआईएम जिला कमेटी ने कहा कि इससे स्वास्थ्य सेवाएं धीरे-धीरे महंगी हो जाएंगी और गरीब एवं पिछड़े वर्ग के लोगों को इलाज में कठिनाई होगी। पार्टी ने मांग की कि यह व्यवस्था पूरी तरह सरकारी हो, ताकि आम जनता को मुफ्त चिकित्सा सुविधा मिलती रहे। इस मुद्दे पर जरूरत पड़ने पर आंदोलनात्मक कार्यक्रम चलाने पर भी विचार किया गया।
बैठक में केंद्र सरकार की मजदूर विरोधी नीतियों की आलोचना करते हुए नोएडा में अल्पवेतनभोगी मजदूरों के शांतिपूर्ण आंदोलन पर की गई दमनात्मक कार्रवाई की निंदा की गई। पार्टी ने कहा कि मजदूरों के अधिकारों के हनन के खिलाफ वह सड़कों पर उतरने को तैयार है।
इसके अतिरिक्त निर्णय लिया गया कि शीघ्र ही एक प्रतिनिधिमंडल नगर पंचायत अध्यक्षों से मिलकर शहरी समस्याओं को लेकर ज्ञापन सौंपेगा। साथ ही 22 अप्रैल को लेनिन जयंती तथा 1 मई को अंतरराष्ट्रीय मजदूर दिवस मनाने का भी निर्णय लिया गया।
बैठक में मुख्य रूप से संजय मेहता, सुजीत कुमार माजी, निमाई राय, लखन लाल मंगल, चंडी दास पुरी, मीर कासिम, गोविंद पंडित, अशोक भंडारी के साथ-साथ राज्य सचिव मंडल के सदस्य सुरजीत सिन्हा उपस्थित रहे।