मैया मोरि, मैं नहीं माखन खायो…भजन पर झूमे श्रद्धालु, कृष्ण की बाल लीलाओं की प्रस्तुति ने मोहा मन
डीजे न्यूज, धनबाद: मेरे अंगना में आओ नन्दलाल, दर्शन की प्यासी गुजर गया मैं…
मेरे घर कबहूँ ना आवे सांवरिया, रोज रोज तरसावें… जैसे कृष्ण भजनों पर श्रद्धालु झूम उठे। मौका था पुराना बाजार में गोयल परिवार के द्वारा आयोजित सामूहिक श्री मद भागवत कथा सप्ताह का।
कथावाचक ने कृष्ण की बाल लीलाओं का वर्णन कर श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया। उन्होंने कहा कि जिनमें प्रीत है, उनका ही माखन मीठा होता है। जब कान्हा रंगेहाथ गोपियों का माखन चुराते पकड़े गये थे और गोपियाँ लल्ला को पकड़कर यशोदा के पास ले गयी थी, तब माता यशोदा ने कृष्ण को बांधने चली। जब बांधना शुरू किया तो हर बार रस्सी दो अंगुली छोटी पड़ जावें।
कथा के दौरान कृष्ण के गाय चराने के ग्वाल रूप, झूलन लीला के साथ साथ अन्य रूपों का वर्णन किया। जब खेलने के क्रम में गेंद यमुना जी में गिर गयी, तब कन्हैया ने यमुना में छलांग लगाकर कालिया नाग से मुकाबला कर गेंद वापस निकाले। कालिया नाग के विष के कारण यमुना का जल विशाक्त हो रहा था। यमुना के जल को विष मुक्त करने के लिए ही यह लीला रची थी कान्हा ने। कथा में श्रद्धालुओं के बैठने के साथ साथ अल्पाहार और प्रसाद की समुचित व्यवस्था की गयी है। भक्त लीन होकर भागवत कथा का श्रवण कर रहे हैं।
कथा के बीच भजनों की अमृत वर्षा से भक्त भावविभोर हो रहें थे।
आयोजन को सफल बनाने में सन्तोष देवी, मीनू गोयल, मंजू गोयल, रिंकी गोयल, वन्दना गोयल, नीरू गोयल, कुुसुम, पूनम गोयल, मेघा गोयल, तन्नु, सरिता गोयल, टम्मू, विनायक गोयल, रीशु गोयल, रिमझिम, शुभम, दीपक, संस्कार, आशीष, तेजस्व गोयल, ओम प्रकाश गोयल, संतोष गोयल, सुशील गोयल, अंबिका गोयल, प्रमोद गोयल, विनोद गोयल, आकर्षण गोयल समेत गोयल परिवार के महिला पुरूष जी जान से लगे थे। कथा रोजाना 3 बजे अपराह्न से संध्या 6 बजे तक 21 सितम्बर तक चलेगी।