फैकल्टी नेतृत्व विकास पर पांच दिवसीय प्रशिक्षण शुरू
डीजे न्यूज, धनबाद: आईआईटी (आईएसएम) धनबाद के मालवीय मिशन टीचर ट्रेनिंग सेंटर (एमएमटीटीसी) में सोमवार से मालवीय मिशन टीचर ट्रेनिंग प्रोग्राम (एमएमटीटीपी) के तहत 10वें नर्चरिंग फ्यूचर लीडरशिप प्रोग्राम (एनएफएलपी) की शुरुआत हुई। पांच दिवसीय इस आवासीय प्रशिक्षण कार्यक्रम में देश के विभिन्न प्रतिष्ठित उच्च शिक्षण संस्थानों से आए 34 फैकल्टी सदस्य हिस्सा ले रहे हैं।
प्रतिभागियों में आईआईटी खड़गपुर, बनारस हिंदू विश्वविद्यालय (बीएचयू), आईआईईएसटी शिबपुर, बीएमएस कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग, बेंगलुरु, झारखंड यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नोलॉजी, रांची सहित हुगली, कोडरमा, चतरा, हजारीबाग और बीबीएमकेयू, धनबाद से जुड़े कॉलेजों के शिक्षक शामिल हैं।
कार्यक्रम की समन्वयक प्रो. मृणालिनी पांडेय ने प्रतिभागियों का स्वागत करते हुए कहा कि इस प्रशिक्षण का उद्देश्य शिक्षकों में करियर के शुरुआती दौर से ही नेतृत्व क्षमता विकसित करना है, ताकि वे अपने संस्थानों के साथ-साथ समाज के विकास में भी प्रभावी भूमिका निभा सकें।
प्रो. कृष्णेंदु शॉ ने कार्यक्रम की रूपरेखा बताते हुए कहा कि आज के समय में अकादमिक संस्थानों में भी नेतृत्व कौशल उतना ही जरूरी है जितना उद्योग जगत में। उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण के दौरान केस स्टडी, रोल प्ले, नेतृत्व आधारित गतिविधियों और अनुभवात्मक शिक्षण के माध्यम से प्रतिभागियों की नेतृत्व क्षमता को मजबूत किया जाएगा।
प्रबंधन अध्ययन एवं औद्योगिक अभियंत्रण विभाग के अध्यक्ष प्रो. संदीप मंडल ने कहा कि शिक्षक केवल स्वयं नेता बनने तक सीमित न रहें, बल्कि विद्यार्थियों में भी नेतृत्व के गुण विकसित करें। उन्होंने कहा कि नेतृत्व केवल पढ़ाने से नहीं, बल्कि व्यवहार और अभ्यास से विकसित होता है। इस अवसर पर मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग के पूर्व अध्यक्ष प्रो. सोमनाथ चट्टोपाध्याय भी उपस्थित थे। कार्यक्रम के अंत में प्रो. मोहम्मद इरफान ने धन्यवाद ज्ञापन किया।