बरमसिया दुर्गा मंडप में अद्भुत कलाकारी, पेंसिल की छीलन और इरेज़र से बनी मां दुर्गा की अनोखी प्रतिमा
डीजे न्यूज, धनबाद : बरमसिया दुर्गा मंडप में इस बार कलाकारी का एक अनोखा रूप देखने को मिल रहा है। यहां पेंसिल शार्पनर से निकलने वाली पतली कतरनों और इरेज़र का इस्तेमाल कर मां दुर्गा की प्रतिमा तैयार की गई है जो काफी आकर्षक है। कलाकारों की इस अनूठी कल्पना और मेहनत ने लोगों का ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया ह। बरमसिया दुर्गा मंडप में पारंपरिक सोच से हटकर एक अलग प्रयोग किया गया है। पेंसिल की कतरनों और इरेज़र जैसी साधारण चीजों से मां दुर्गा की प्रतिमा बनाना अपने आप में एक खास कलात्मक प्रयास है। अध्यक्ष मदन महतो और कुल्लू चौधरी ने कहा कि इस अनोखी प्रतिमा के माध्यम से कलाकारों ने यह संदेश दिया है कि रचनात्मकता और कला के लिए महंगी सामग्री ही जरूरी नहीं होती, बल्कि साधारण वस्तुओं से भी असाधारण कलाकृति तैयार की जा सकती है।
बरमसिया दुर्गा मंडप की यह अनूठी पहल दुर्गापूजा के आकर्षण को और खास बना रही है। मां दुर्गा की इस अनोखी प्रतिमा को देखने के लिए श्रद्धालुओं और कला प्रेमियों में उत्सुकता देखी जा रही है।
इस अनूठी कलाकारी को देखने श्रद्धालुओं के अलावा राम-रहीम और पार्षद रामेश्वर तुरी पहुंचे। सभी ने कलाकारी और कलाकारों की प्रशंसा की।
बरमसिया में पिछले 56 सालों से पूजा होता आ रहा है। हर साल प्रतिम कुछ हट के बनता है। मेडिसिन,बिंदी और इस बार पेंसिल रबर और कटर से प्रतिम बनिये है जो काफी आकर्षक है। ये जानकारी कमिट के सचिव रमेश राय ने दी। कमिटी के अध्यक्ष मंदन महतो ओर कुल्लू चौधरी, सचिव रमेश राय और कोषाध्यक्ष अमित पंडित है इसके साथ मेंबर मै रवि पासवान ,संदीप राहुल,कृपा ,विजय है। वही पंडित तापस घोषाल कहते है कि यह पूजा बंगाली पद्धति से किया जाता है।