कर्मी की मौत के बाद नियोजन के लिए विश्वकर्मा परियोजना में हंगामा
राष्ट्रीय जनता कामगार संघ के नेता अरविंद सिंह के नेतृत्व में आंदोलन से प्रबंधन झुका, पुत्र को मिली नौकरी
डीजे न्यूज, धनसार, धनबाद : विश्वकर्मा परियोजना मे इलेक्ट्रिशियन फोरमैन रामप्रवेश सिंह(55) की मौत इलाज के दौरान कोलकाता के एक अस्पताल मे बुधवार को हो गई। मृतक के स्वजन को नियोजन की मांग को लेकर संयुक्त मोर्चा ने विश्वकर्मा परियोजना मे हंगामा कर दिया।इसके बाद धनसार कोलियरी कार्यालय मे संयुक्त मोर्चा व प्रबंधन के बीच वार्ता हुई। हंगामा के बीच हुए वार्ता मे मृतक के पुत्र अनुप सिंह को फिलहाल प्रोविजनल नौकरी दी गई।
क्षेत्रीय सचिव एवं केंद्रीय उपाध्यक्ष राष्ट्रीय जनता कामगार संघ के अरविंद सिंह के प्रयास से यह नियोजन मिल सका। रामप्रवेश सिंह राष्ट्रीय जनता कामगार संघ के उपाध्यक्ष भी थे।
बता दें कि 20 सितंबर को विश्वकर्मा परियोजना मे ड्यूटी के दौरान रामप्रवेश सिंह को
हार्ट अटैक हो गया था। कर्मियों ने आनन फानन मे उन्हें धनबाद के एक अस्पताल मे भर्ती कराया।जहां चिकित्सकों ने उन्हें कोलकाता बीएम बिरला अस्पताल रेफर कर दिया। वहां इलाज के दौरान बुधवार को उनकी मौत हो गई। इसके बाद संयुक्त मोर्चा ने नियोजन को लेकर हंगामा कर दिया।वार्ता मे राजकासं नेता अरविंद सिंह, जमसं के सचिव विनय सिंह, सच्चिदानंद तिवारी, नंदकिशोर नोनियां, एटक के छोटू राम, बीसीकेयू के भुषण महतो, रविशंकर सिंह, महावीर चौहान व बलवंत सिंह सहित अन्य थे। इस घटना के बाद मृतक की पत्नी मुनी देवी, पुत्र अक्षय,अनुप व पुत्री रूपा व सुनिता का रो रोकर बुरा हाल है।
इस आंदोलन में
राष्ट्रीय जनता कामगार संघ के क्षेत्रीय अध्यक्ष बलवंत सिंह, ADIC के सचिव अवधेश कुमार सिंह, अध्यक्ष जयप्रकाश सिंह, कार्यकारी अध्यक्ष धनेश्वर प्रसाद, विश्वकर्मा परियोजना के अध्यक्ष सुनील कुमार साह, गौरी शंकर चौहान, ENA OCP के सचिव कृष्ण यादव, रामनारायण सिंह, मनोहर सिंह, नंदकिशोर सिंह, विष्णु रवानी आदि शामिल थे।