भगवान का नाम और सद्गुरु की कृपा शाश्वत आनंद प्रदान करती है: सुरेंद्र जी महाराज
डीजे न्यूज, कतरास(धनबाद): निचितपुर में आयोजित श्रीमद् भागवत कथा ज्ञान यज्ञ के दूसरे दिन बुधवार को कथावाचक सुरेंद्र दास जी महाराज ने कहा कि शास्त्र कहते हैं कि संसार का वैभव क्षणिक है। लेकिन भगवान का नाम और सद्गुरु की कृपा शाश्वत आनंद प्रदान करती है। श्रीमद्भागवत महापुराण का संदेश है कि भगवान के नाम का स्मरण ही कलियुग का सबसे सरल और सर्वोत्तम साधन है। जो ईश्वर का स्मरण करते हैं भगवान उनके योग-क्षेम का भार स्वयं वहन करता है। जीवन की सबसे बड़ी संपत्ति धन, पद और ऐश्वर्य समय के साथ छूट जाते हैं, किन्तु सद्गुरु की कृपा, प्रभु का नाम और भक्ति का आनंद जन्म-जन्मांतर तक साधक का साथ देते हैं। आज माता-पिता स्वयं शास्त्रों के विरुद्ध आचरण करते हैं, लेकिन अपेक्षा करते हैं कि उनकी संतान धर्मपरायण, संस्कारी और सफल बने। जैसे शास्त्रों में कहा गया है “बाढ़े पुत्र पिता के धर्मा, खेती मुझे अपने कर्मे। सुरेंद्र जी ने कहा कि जहां कहीं भी भागवत कथा होता है वहां की नकारात्मक शक्तियां भाग जाती है। मौके पर
अशोक कुमार वर्णवाल, मंजू देवी, सुनिल साव, सरिता देवी, मेघनाथ महतो, संजय यादव, भीम महतो, राजनाथ सिंह, बिरेंद्र सिंह, करण कुमार,अमर सिंह, जंगबहादुर सिंह, बीरु सिंह,तेजू सिंह चण्डी सिंह,गुडू सिंह,सींमत महतो, निर्मल सिंह,शंकर राणा, राजेश गुप्ता , अभिजीत विश्वकर्मा, विनोद राम, संजय चौरसिया, सुनील भगत,सुधु भगत, प्रदीप भगत,सोनू भगत,सुभाष दास,कुंदन पटवा,मनिष दुबे,मंगल चौहान,बिजय भुईयां, विकास कुमार,अरूण सिंह आदि उपस्थित थे।