मोंटेसरी टीचर्स ट्रेनिंग का भव्य समापन समारोह संपन्न, 50 शिक्षकों को प्रदान किए गए प्रमाण-पत्र
डीजे न्यूज, धनबाद: महिला विकास शिक्षण प्रशिक्षण समिति एवं भारत कोकिंग कोल लिमिटेड की सीएसआर पहल के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित छह माह का मोंटेसरी टीचर्स ट्रेनिंग प्रोग्राम का समापन समारोह कोयला नगर स्थित कम्युनिटी हॉल में मंगलवार को संपन्न हुआ। प्रशिक्षणार्थी 50 शिक्षकों को प्रमाण-पत्र एवं मार्कशीट प्रदान किया गया।
यह प्रशिक्षण कार्यक्रम सितंबर 2025 से फरवरी 2026 तक संचालित किया गया, जबकि प्रतिभागियों का मूल्यांकन मार्च 2026 में संपन्न हुआ। कार्यक्रम का आयोजन सरस्वती शिशु विद्या मंदिर, भूली, सरस्वती विद्या मंदिर, तेतुलमारी तथा सरस्वती शिशु मंदिर, कतरास—में किया गया। प्राइमरी एवं प्री-प्राइमरी स्तर के शिक्षकों को मोंटेसरी एवं बाल-केंद्रित शिक्षण पद्धति का व्यवहारिक एवं सैद्धांतिक प्रशिक्षण प्रदान किया गया।
समारोह में सीएमडी मनोज कुमार अग्रवाल ने सफल प्रशिक्षुओं को प्रमाण-पत्र प्रदान करते हुए कहा कि शिक्षकों का सतत प्रशिक्षण शिक्षा की गुणवत्ता को नई दिशा प्रदान करता है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि ऐसे कार्यक्रम भविष्य में भी समाज के शैक्षणिक विकास को सशक्त बनाएंगे।
कार्यक्रम के शैक्षणिक मार्गदर्शक के रूप में बीबीएमकेयू के डॉ. उपेंद्र कुमार की महत्वपूर्ण भूमिका रही, जिनके मार्गदर्शन में प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रभावी एवं उद्देश्यपरक रूप से संपन्न हुआ।
इस अवसर पर महिला विकास शिक्षण प्रशिक्षण समिति की सचिव डॉ. अरविंदर कौर ने अपने संबोधन में कहा कि यह प्रशिक्षण कार्यक्रम शिक्षकों को आधुनिक, बाल-केंद्रित एवं गतिविधि-आधारित शिक्षण पद्धतियों से सशक्त बनाने के उद्देश्य से आयोजित किया गया था।
समापन बेला में सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने समारोह को और अधिक गरिमामय एवं प्रेरणादायक बना दिया। इन प्रस्तुतियों ने विद्यार्थियों की प्रतिभा, आत्मविश्वास तथा विद्यालयों की सांस्कृतिक समृद्धि का सुंदर परिचय प्रस्तुत किया।
कार्यक्रम में सहभागी विद्यालयों के प्राचार्यों एवं शिक्षकों की सक्रिय भूमिका की भी सराहना की गई, जिनके सहयोग से प्रशिक्षण कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हो सका।
समारोह में बड़ी संख्या में शिक्षकगण, अभिभावक, शिक्षाविद् एवं गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे और सभी ने इस महत्वपूर्ण पहल की सराहना करते हुए इसे क्षेत्रीय शिक्षा विकास की दिशा में एक उल्लेखनीय कदम बताया।