स्कूलों में बच्चों के नामांकन व ठहराव सुनिश्चित करने को कार्यशाला आयोजित
न्यू टाउन हाॅल में रूआर 2026 कार्यक्रम संपन्न
डीजे न्यूज, धनबाद: सत्र 2026 -27 में विद्यालयों में बच्चों के नामांकन एवं ठहराव सुनिश्चित करने के लिए न्यू टाउन हॉल में शनिवार को स्कूल रूआर 2026 के तहत कार्यशाला का आयोजन किया गया। अध्यक्षता डीसी आदित्य रंजन ने की।
माह मार्च में एसए की परीक्षा समाप्त हो गई है। सभी बच्चों के परिणाम प्रकाशित किया जा चुके हैं। आंगनबाड़ी के पांच वर्ष से अधिक उम्र के बच्चे वर्ग 1 मे, कक्षा 5 के बच्चे निकटतम मध्य विद्यालय में, कक्षा 6 तथा कक्षा 8 के बच्चे निकटतम माध्यमिक विद्यालय में, कक्षा 9 तथा कक्षा 10 के बच्चे निकटतम उच्च माध्यमिक विद्यालय में नामांकन लेंगे। इसे सुनिश्चित करने के लिए रणनीति तैयार करने एवं नामांकन करने के उद्देश्य से प्रतिवर्ष स्कूल रूआर कार्यक्रम का आयोजन शिक्षा विभाग के द्वारा किया जाता है। माह नवंबर व दिसंबर में डहर एप के माध्यम से शिशु गणना का कार्य संपन्न हुआ है जिसमें जो बच्चे विद्यालय से बाहर चिन्हित किए गए हैं तथा ड्रापबॉक्स के 102713 बच्चों का नामांकन या प्रगमन सुनिश्चित करना विभाग का लक्ष्य है। शिशु पंजी के माध्यम से 770 ऐसे बच्चे चिन्हित हुए हैं जो ना ही आंगनवाड़ी में और ना ही विद्यालयों में नामांकित है। विद्यालय बार तोलावर इसके सूची तैयार की जानी है तथा संबंधित विद्यालय एवं संकुल साधन सेवी को उनका नामांकन सुनिश्चित करना है। स्कूल रूआर कार्यक्रम के दौरान घर-घर जाकर नामांकन के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा एवं उनका नामांकन विद्यालय में लिया जाएगा
उपायुक्त ने परागण से संबंधित चार्ट के माध्यम से इसकी विस्तृत जानकारी साझा की। इससे पूर्व कार्यक्रम की शुरुआत डीसी आदित्य रंजन, विधायक राज सिन्हा, मेयर संजीव सिंह, जिला परिषद अध्यक्ष शारदा सिंह, डीडीसी सन्नी राज ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया। जिला शिक्षा पदाधिकारी सह जिला कार्यक्रम पदाधिकारी ने अतिथियों का स्वागत किया। जिला शिक्षा अधीक्षक सह अपर जिला कार्यक्रम पदाधिकारी ने विषय प्रवेश कराया तथा लक्ष्य ग्रुप का एडमिशन कराने, आंगनबाड़ी व ठहराव नामांकन व ट्रैकिंग सुनिश्चित करने ,
पास हुए बच्चों का प्रमोशन सुनिश्चित की जानकारी साझा की।
मेयर संजीव सिंह ने कहा बच्चे जैसे पार्क मे जाना पसंद करते है वैसे स्कूल मे आना चाहें ऐसा वतावरण बनाने का प्रयास करना है।
जिला परिषद अध्यक्ष ने कहा कि शिक्षा हर बंद दरवाजे को खोलती है।
सेशन शुरू होने पर हमारे तरफ से कोई प्रयास नहीं होता है की स्कूल मे आंगनबाड़ी के बच्चों को नामांकन कराएं। जनप्रतिनिधि विशेष कर मुखिया को घर घर तक भ्रमण किया जाना चाहिए।
विधायक ने कहा कि हमें लोगों को जागरूक करना होगा। आंगनबाड़ी और दूसरे वर्ग के बच्चों को नामांकन कराना होगा। एमडीएम सुचारु चलाना होगा, निजी स्कूल मे बच्चे आ ही जाते है लेकिन एमडीएम गांव और देहात मे बहुत फर्क डालता है।
स्कूल सुधार के लिए फंड की व्यवस्था की जानी चाहिए जिससे शिक्षक, भवन आदि की मरम्मती प्रयोरिटी मे करा सके।
हमको भी स्कूल नहीं
उपायुक्त ने कहा शिक्षा और स्वस्थ पर अधिकारी और जनप्रतिनिधि एकमत है इसलिए इस पर काम किया जाना आसान है।
जिस पंचायत और प्रखंड का काम उत्कृष्ट होगा उनको पुरस्कृत किया जाएगा।
डीसी ने बच्चों के विद्यालय न आने के हर कारण पर समीक्षा करने की जिम्मेदारी उपस्थित पदाधिकारी को दी।
टीचर तोला टैगिंग सुनिश्चित करने, पिछले सभी छिजन को पूरा करने का निदेश दिया।
अतिरिक्त जिला कार्यक्रम पदाधिकारी एवं सहायक कार्यक्रम पदाधिकारी शम्भू दत्त मिश्रा ने पीपीटी के माध्यम से कार्यक्रम के विस्तृत जानकारी उपस्थित प्रतिभागियों को दिया। कार्यक्रम में प्रखंड कार्यक्रम पदाधिकारी, प्रखंड शिक्षा प्रसार पदाधिकारी, जिला स्तरीय पदाधिकारी उपस्थित थे। सी-3 के शुभम कुमार द्वारा पीपीटी बनाने मे आवश्यक सहयोग किया गया। मंच का संचालन अशोक पाण्डेय सहायक कार्यक्रम पदाधिकारी ने किया।