गुरु-शिष्य परंपरा को आत्मसात करने का संकल्प, हुसैनाबाद विद्यालय में मना शिक्षक दिवस
डीजे न्यूज, हुसैनाबाद, पलामू : राजकीयकृत मध्य विद्यालय हुसैनाबाद के प्रांगण में शुक्रवार को डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन की 138वीं जयंती शिक्षक दिवस के रूप में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाई गई। कार्यक्रम की शुरुआत शिक्षकों एवं बाल संसद के सदस्यों द्वारा डॉ. राधाकृष्णन के चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पित कर की गई।
मौके पर विद्यालय के प्रधानाध्यापक कन्हैया प्रसाद ने कहा कि गुरु-शिष्य परंपरा भारतीय संस्कृति का अहम और पवित्र हिस्सा है। देश के प्रथम उपराष्ट्रपति एवं द्वितीय राष्ट्रपति डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन ने अपना पूरा जीवन शिक्षा के उन्नयन के लिए समर्पित कर दिया। आज के भौतिकतावादी दौर में उनके संघर्षपूर्ण एवं त्यागमयी जीवन से प्रेरणा लेने की जरूरत है।
वरीय सहायक अध्यापक राजेश कुमार सिन्हा ने कहा कि गुरु का हर व्यक्ति के जीवन में महत्वपूर्ण स्थान है। गुरु के बिना ज्ञान अर्जित करना संभव नहीं है। डॉ. राधाकृष्णन का शिक्षा और अध्यापन से गहरा लगाव था। कठिन परिस्थितियों के बावजूद अपनी प्रतिभा और मेहनत के बल पर उन्होंने मद्रास रेजिडेंसी कॉलेज में प्राध्यापक से लेकर ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय में दर्शनशास्त्र के शिक्षक तक का सफर तय किया।
शिक्षक राजेश कुमार गुप्ता ने कहा कि डॉ. राधाकृष्णन का जीवन उनकी असाधारण प्रतिभा, संघर्ष और उपलब्धियों का उदाहरण है। वे प्राध्यापक, उपकुलपति, राजदूत, उपराष्ट्रपति और राष्ट्रपति जैसे महत्वपूर्ण पदों पर पहुंचे। गरीबी भी उनकी विद्वता और प्रतिभा के मार्ग में बाधा नहीं बन सकी। उनके व्यक्तित्व और कृतित्व को अपनाकर ही मजबूत राष्ट्र का निर्माण किया जा सकता है।
मंच संचालन करते हुए शिक्षिका सुषमा पांडेय ने कहा कि डॉ. राधाकृष्णन एक त्यागी और महान व्यक्तित्व थे। उन्होंने अपने जन्मदिन को शिक्षक दिवस के रूप में मनाने की प्रेरणा दी। शिक्षक से देश के प्रथम नागरिक तक का उनका सफर दृढ़ इच्छाशक्ति और समर्पण का प्रतीक है। उनके बताए मार्ग पर चलना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
इस अवसर पर बाल संसद के सदस्यों ने भी डॉ. राधाकृष्णन को पुष्पांजलि अर्पित की। शिक्षक दिवस को लेकर विद्यार्थियों में खासा उत्साह देखने को मिला। बच्चों ने कक्षाओं को आकर्षक ढंग से सजाया। केक काटने और बैलून फोड़ने के साथ कार्यक्रम का उल्लासपूर्ण समापन हुआ।
कार्यक्रम में वरीय अध्यापिका आशा कुमारी, रश्मि प्रकाश समेत विद्यालय के अन्य शिक्षक-शिक्षिकाएं उपस्थित रहे।