धनबाद व आसपास इलाकों में मुहर्रम शांतिपूर्ण संपन्न
खिलाड़ियों ने हैरतअंगेज खेल का किया प्रदर्शन
डीजे न्यूज, धनबाद/बलियापुर/राजगंज: धनबाद व आसपास इलाकों में मुहर्रम का त्योहार शांतिपूर्ण और हर्षोल्लास के साथ शुक्रवार को संपन्न हो गया। धनबाद, कतरास, बलियापुर सहित अन्य जगहों पर अखाड़ा दल के खिलाड़ियों ने कला-कौशल का प्रदर्शन किया। देशभक्ति की गीतों पर खिलाड़ियों ने एक से बढ़कर एक खेल का प्रदर्शन कर लोगों का दिल जीत लिया।
चैंबर ऑफ कॉमर्स पुराना बाजार की ओर से पंचशील प्लाजा स्थित सेवा मंच पर भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। युवा संघर्ष मोर्चा के केंद्रीय अध्यक्ष सह प्रख्यात समाजसेवी दिलीप सिंह उपस्थित रहे। चैंबर के अध्यक्ष सोहराब खान एवं पदाधिकारियों ने उनका स्वागत करते हुए अंग वस्त्र और पारंपरिक पगड़ी पहनाकर सम्मानित किया।
इस अवसर पर दिलीप सिंह ने अपने संबोधन में मुहर्रम के महत्व पर प्रकाश डालते हुए आपसी भाईचारे और एकता का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन समाज में सद्भाव को मजबूत करते हैं। चैंबर के अध्यक्ष सोहराब खान ने बताया कि सामाजिक-सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से एकता और सौहार्द को बढ़ावा देता रहा है। मुहर्रम का यह आयोजन भी उसी कड़ी का हिस्सा है। मौके पर गोपाल प्रसाद महाजन, दीपक सिंह, मुन्ना सिंह, संजय तिवारी, रत्नेश सिंह, विजय सैनी आदि मौजूद थे।
बलियापुर बाजार चौक पर बलियापुर, लालडीह, सिंदूरपुर, ब्राह्मणडीहा, हुचुकटाड़, सिंघीयाटांड़, बाघमारा, दूधिया, बेड़ा नियामतपुर, रखितपुर आदि गांवों से ताजिया जुलूस के साथ सैकड़ो लोग पहुंचे। अखाड़ा दल के खिलाड़ियों ने एक से बढ़कर एक हैरतगेज खेलों का प्रदर्शन किया। लायंस क्लब बलियापुर की ओर से खिलाड़ियों के लिए शरबत व पानी की व्यवस्था की गई थी। अखाड़े में पूर्व विधायक आनंद महतो, सिंदरी के एसपीडीओ प्रकाश चंद्र महतो, पुलिस इंस्पेक्टर नूतन मोदी, अंचल अधिकारी मुरारी नायक, थाना प्रभारी सत्यजीत कुमार, प्रखंड प्रमुख पिंकी देवी, उप प्रमुख आशा देवी, झारखंड मुक्ति मोर्चा के राजेंद्र किस्कू, समीर मुर्मू, अल्ताफ हुसैन खान, प्रदीप उपाध्याय, मुस्ताक आलम, जिला परिषद सदस्य उषा महतो, मुखिया उत्तम चौबे, मुकुल चंद्र रोहिदास, गिरधारी लाल अग्रवाल आदि थे। आयोजन समिति की ओर से अतिथियों एवं प्रतिभागी अखाड़ा टीमों को पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया। सफल बनाने में इसराइल अंसारी, रफीक अंसारी, अनवर अली खान, दिल मोहम्मद, शेख दीलू, मुश्ताक आलम, मोहम्मद तालिब आदि का योगदान रहा।
राजगंज के विभिन्न इलाकों में खिलाड़ियों ने लाठी, तलवार सहित अन्य पारंपरिक तरीकों से खेल का प्रदर्शन किया।