



सार्वजनिक तालाब की जमीन पर कब्जा की कोशिश
ग्रामीणों ने चहारदिवारी निर्माण का काम रोका
डीजे न्यूज, धनबाद: गोविंदपुर प्रखंड के कर्माटांड़ गांव में एक सार्वजनिक तालाब की जमीन की घेराबंदी कर कब्जा करने की कोशिश का मामला सामने आया है। आरोप भू-माफियाओं पर लगा है। ग्रामीणों की एकजुटता के कारण भू माफियाओं की कोशिश नाकाम हो गई। सूचना मिलने पर प्रशासन भी मौके पर पहुंचा और फिलहाल काम को रुकवा दिया गया है।
कर्माटांड़ गांव का यह तालाब वर्षों पुराना है और ग्रामीणों के लिए काफी महत्वपूर्ण माना जाता है। ग्रामीणों के अनुसार यह तालाब गांव की सार्वजनिक संपत्ति है और इसका इस्तेमाल रोजमर्रा की जरूरतों के साथ-साथ मवेशियों के लिए पानी के मुख्य स्रोत के रूप में किया जाता है।
ग्रामीणों का आरोप है कि कुछ लोग अचानक तालाब के चारों ओर बाउंड्री कराने लगे। इसकी जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए और घेराबंदी का विरोध शुरू कर दिया। देखते ही देखते पूरा गांव तालाब को बचाने के लिए एकजुट हो गया।
मामले की जानकारी मिलते ही गोविंदपुर के अंचल अधिकारी धर्मेंद्र दुबे दलबल के साथ मौके पर पहुंचे। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए उन्होंने तत्काल प्रभाव से घेराबंदी का काम रुकवा दिया और मामले की जांच शुरू कर दी है।
ग्रामीणों का कहना है कि वे बचपन से इस तालाब का उपयोग करते आ रहे हैं। अगर इस पर कब्जा हो गया तो गांव में पानी की बड़ी समस्या खड़ी हो जाएगी और मवेशियों के लिए भी पानी का संकट पैदा हो जाएगा।
ग्रामीणों की मांग है कि इस तालाब को पूरी तरह से सुरक्षित किया जाए और इस पर किसी भी तरह के अवैध कब्जे की कोशिश को स्थायी रूप से रोका जाए।



