



कर्तव्य पथ पर इतिहास रचा जाएगा :

गणतंत्र दिवस परेड को स्वर देंगे धनबाद के लाल कर्नल जेके सिंह
डीजे न्यूज, धनबाद: 26 जनवरी को कर्तव्य पथ, नई दिल्ली में आयोजित होने वाली गणतंत्र दिवस परेड भारत की लोकतांत्रिक परंपराओं, सैन्य सामर्थ्य और सांस्कृतिक विविधता का भव्य तथा ऐतिहासिक प्रदर्शन होगी। इस राष्ट्रीय पर्व के अवसर पर कर्नल जे.के. सिंह को गणतंत्र दिवस परेड के आधिकारिक कमेंटेटर के रूप में देश-विदेश के दर्शकों तक इस विराट आयोजन को स्वर देने का गौरव प्राप्त होगा।
कर्नल जे.के. सिंह, जो मूलतः धनबाद, झारखंड से हैं, ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा सैनिक स्कूल तिलैया से प्राप्त की है। उन्होंने राष्ट्रीय रक्षा अकादमी (एनडीए) में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए फ्लाइट लेफ्टिनेंट आनंद मोहन पुरस्कार एवं वीर कुंवर स्मृति पुरस्कार प्राप्त किया। यह सम्मान उन्हें सैनिक स्कूल तिलैया तथा तत्कालीन बिहार एवं झारखंड क्षेत्र से यूपीएससी परीक्षा एनडीए के लिए प्रवेश में सर्वोच्च स्थान प्राप्त करने के लिए प्रदान किया गया था।
इसके अतिरिक्त, उन्हें अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव में अटल टनल पर आधारित फिल्म के लिए अपनी प्रभावशाली आवाज़ हेतु ‘सर्वश्रेष्ठ वॉयस ओवर पुरस्कार’ से भी सम्मानित किया जा चुका है।
गणतंत्र दिवस परेड का आयोजन भारत के राष्ट्रपति की अध्यक्षता में किया जाएगा। इस वर्ष की परेड के मुख्य अतिथि के रूप में
यूरोपीय परिषद के राष्ट्रपति एंटोनियो कोस्टा तथा यूरोपीय आयोग की राष्ट्रपति उर्सुला वॉन डेर लेयेन उपस्थित रहेंगी। यह अवसर भारत–यूरोप संबंधों में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर सिद्ध होगा।
इस वर्ष की परेड की केंद्रीय थीम
“वंदे मातरम् के 150 वर्ष” होगी। राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम् की ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और भावनात्मक विरासत को कर्तव्य पथ पर विभिन्न स्वरूपों में प्रस्तुत किया जाएगा।
तेजेंद्र कुमार मित्र द्वारा वर्ष 1923 में निर्मित वंदे मातरम् आधारित चित्रों की श्रृंखला को कर्तव्य पथ पर व्यू-कटर्स के रूप में प्रदर्शित किया जाएगा।
परेड का एक प्रमुख उद्देश्य देश के लिए सर्वोच्च बलिदान देने वाले शहीदों को नमन करना, वीरता पुरस्कारों के माध्यम से साहस और शौर्य का सम्मान करना तथा प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार के अंतर्गत असाधारण उपलब्धियाँ हासिल करने वाले बच्चों को राष्ट्र के समक्ष प्रस्तुत करना होगा।
कर्तव्य पथ पर 17 राज्यों/केंद्रशासित प्रदेशों तथा 13 मंत्रालयों/विभागों/सेवाओं की
कुल 30 झांकियाँ प्रस्तुत की जाएँगी, जिनकी थीम होगी—
“स्वतंत्रता का मंत्र – वंदे मातरम्” तथा
“समृद्धि का मंत्र – आत्मनिर्भर भारत”।
लगभग 2500 सांस्कृतिक कलाकार कर्तव्य पथ पर अपनी प्रस्तुतियों के माध्यम से भारत की सांस्कृतिक आत्मा को अभिव्यक्त करेंगे।
भारतीय सेना द्वारा पहली बार फेज़्ड बैटल ऐरे फॉर्मेशन प्रदर्शित किया जाएगा, जिसमें आधुनिक टैंक, मिसाइल प्रणालियाँ, ड्रोन शक्ति, आर्टिलरी, बख़्तरबंद वाहन तथा अत्याधुनिक युद्ध क्षमताओं का सजीव प्रदर्शन होगा।
18 मार्चिंग कंटिंजेंट, 13 सैन्य बैंड, तथा त्रि-सेवा का भव्य फ्लाई-पास्ट परेड के प्रमुख आकर्षण होंगे।
इस वर्ष लगभग 10,000 विशिष्ट अतिथियों को गणतंत्र दिवस परेड देखने के लिए आमंत्रित किया जाएगा। इनमें किसान, वैज्ञानिक, खिलाड़ी, स्टार्ट-अप उद्यमी, महिला स्वयं सहायता समूह, शिल्पकार, आदिवासी प्रतिनिधि, सैनिक, छात्र तथा विभिन्न केंद्रीय योजनाओं के उत्कृष्ट लाभार्थी सम्मिलित होंगे, जो नए भारत की जीवंत तस्वीर प्रस्तुत करेंगे।
कर्नल जे.के. सिंह द्वारा परेड की कमेंट्री के माध्यम से इस संपूर्ण आयोजन का तथ्यपरक, गरिमामय और भावनात्मक वर्णन किया जाएगा, जिससे भारत की सैन्य शक्ति, सांस्कृतिक विरासत और राष्ट्रभावना देश-विदेश के दर्शकों तक प्रभावी रूप से पहुँचेगी।
गणतंत्र दिवस परेड केवल एक परेड नहीं होगी,
बल्कि यह भारत की आत्मा, उसका इतिहास, उसका वर्तमान और उसका भविष्य—
सब कुछ एक साथ कर्तव्य पथ पर चलता हुआ दिखाई देगा।
इस पावन अवसर पर देश के प्रत्येक नागरिक से आह्वान होगा कि वे जहाँ भी हों, जिस भी भूमिका में हों, वीर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करें, गणतंत्र के इस महापर्व में सहभागी बनें और राष्ट्रीय गौरव के इस उत्सव को हर्ष और गर्व के साथ मनाएँ।



