

























































ज्वेलरी दुकान लूटकांड के बाद जामताड़ा में उबाल, व्यापारियों ने आज बाजार बंद का लिया फैसला

डीजे न्यूज, जामताड़ा : बीच बाजार ज्वेलरी दुकान में हुई सनसनीखेज डकैती के बाद जामताड़ा में आक्रोश और दहशत का माहौल है। वारदात से नाराज शहरवासियों और व्यापारियों ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। घटना के विरोध में गुरुवार को जामताड़ा के सभी व्यवसायियों ने अपने-अपने प्रतिष्ठान बंद रखने का निर्णय लिया है।
जामताड़ा बाजार में पहली बार इस तरह की बड़ी आपराधिक घटना सामने आने से व्यापारियों और शहरवासियों में भय का माहौल व्याप्त है। वारदात के बाद लोग सड़कों पर चिल्लाते नजर आए—“टाइगर पुलिस किधर है, जिंदा है या नहीं?” शहर में लगातार पेट्रोलिंग करने वाली टाइगर पुलिस की भूमिका पर लोगों ने सवाल उठाए।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि टाइगर पुलिस केवल लोगों को डराने और सड़क पर रोककर वसूली करने में लगी रहती है। यदि पुलिस सक्रिय रहती तो जामताड़ा जैसे शांत शहर में इस तरह की वारदात नहीं होती। लोगों का कहना है कि घटना के करीब आधे घंटे बाद टाइगर पुलिस मौके पर पहुंची, जिससे आक्रोश और बढ़ गया।
इधर जामताड़ा चेंबर ऑफ कॉमर्स के संजय अग्रवाल ने कहा कि बंदूक की नोक पर बीच बाजार लाखों रुपये के आभूषण की लूट हुई है और चेंबर के एक सदस्य दुकानदार को गोली मारी गई है। यदि पुलिस अविलंब कार्रवाई कर अपराधियों को गिरफ्तार नहीं करती है तो सभी व्यापारी अनिश्चितकालीन धरना पर बैठेंगे। उन्होंने बताया कि गुरुवार को घटना के विरोध में सभी व्यवसायी अपने प्रतिष्ठान बंद रखेंगे और इसके बाद बैठक कर आगे की रणनीति तय की जाएगी।
देर रात तक जांच में जुटे एसपी
वारदात के बाद अजंता चौक पर हजारों लोगों की भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलते ही एसपी राजकुमार मेहता, डीएसपी संजय कुमार, चंद्रशेखर, नगर थाना प्रभारी, साइबर थाना प्रभारी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने लोगों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस की कार्यशैली को लेकर लोगों में भारी आक्रोश देखा गया।
देर रात भीड़ छंटने के बाद एसपी स्वयं बालाजी ज्वेलर्स दुकान के भीतर जाकर सीसीटीवी फुटेज खंगालते नजर आए। एसपी राजकुमार मेहता ने बताया कि चार अपराधियों ने इस घटना को अंजाम दिया है। उनकी पहचान और ठिकाने का पता लगाया जा रहा है। जामताड़ा जिले के सभी चेक पोस्ट पर नाकेबंदी कर दी गई है और सीमावर्ती जिलों को भी सतर्क कर दिया गया है।
गिरफ्तारी नहीं हुई तो चक्का जाम की चेतावनी
भाजपा नेता वीरेंद्र मंडल ने कहा कि जामताड़ा एक शांत शहर रहा है और इतिहास में इस तरह की घटना नहीं हुई। यह पहली घटना है, जो शहर के लिए काला अध्याय है। फिल्मी अंदाज में अपराधी लूट कर फरार हो गए और व्यापारी व आम लोग दहशत में हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस वसूली में लगी हुई है और टाइगर पुलिस आम लोगों को परेशान करती है।
उन्होंने एसपी से मांग की कि अपराधियों को अविलंब गिरफ्तार कर जेल भेजा जाए और व्यापारियों को सुरक्षा दी जाए। ऐसा नहीं होने पर जामताड़ा शहर बंद कर सड़क से लेकर सड़क तक आंदोलन किया जाएगा।
वहीं भाजपा जिलाध्यक्ष सुमित शरण ने कहा कि झामुमो सरकार में अपराधी बेलगाम हो चुके हैं। सरेशाम नकाबपोश अपराधी लूट जैसी वारदातों को अंजाम दे रहे हैं, जो पुलिस के लिए खुली चुनौती है। उन्होंने कहा कि करमाटांड़ डकैती कांड के सभी आरोपी अभी तक नहीं पकड़े गए हैं और यह नई घटना पुलिस की कार्यशैली पर बड़ा सवाल खड़ा करती है।



