



झारखंड सूचना आयोग की बहाली की उम्मीद जगी, केंद्र को भेजे गए पत्र पर हुई पहल

डीजे न्यूज, गिरिडीह : झारखंड राज्य सूचना आयोग में लंबे समय से सूचना आयुक्तों की नियुक्ति नहीं होने के कारण उत्पन्न गतिरोध को लेकर अब समाधान की उम्मीद जगी है। सामाजिक एवं सूचना अधिकार कार्यकर्ता सुनील खंडेलवाल द्वारा इस संबंध में कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग, भारत सरकार को भेजे गए पत्र पर विभाग ने संज्ञान लेते हुए आगे की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
खंडेलवाल ने अपने पत्र में उल्लेख किया था कि झारखंड राज्य सूचना आयोग बीते कई वर्षों से लगभग निष्क्रिय है, जिससे राज्य के करोड़ों नागरिक सूचना के अधिकार से वंचित हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि सूचना आयुक्तों की नियुक्ति नहीं होने के कारण आयोग में लंबित मामलों की संख्या लगातार बढ़ रही है और आम जनता को समय पर न्याय नहीं मिल पा रहा है।
उन्होंने यह भी बताया कि माननीय उच्चतम न्यायालय तथा झारखंड उच्च न्यायालय द्वारा रिक्त पदों पर नियुक्ति को लेकर कई बार निर्देश जारी किए जा चुके हैं, इसके बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी है। इससे सरकार की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग ने खंडेलवाल के पत्र पर आवश्यक कार्रवाई करते हुए मामले को श्री अंबरीश कुमार गोपाल, डिप्टी सेक्रेटरी (DSIR–Information Rights), कर्तव्य भवन-03, नई दिल्ली को अग्रसारित कर दिया है, ताकि नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जा सके।
व्यापक जनहित को ध्यान में रखते हुए सुनील खंडेलवाल ने उम्मीद जताई है कि केंद्र सरकार के हस्तक्षेप से जल्द ही झारखंड राज्य सूचना आयोग में सूचना आयुक्तों की नियुक्ति होगी और सूचना के अधिकार को मजबूती मिलेगी।



