

गिरिडीह में मोबाइल लाइब्रेरी वैन का शुभारंभ
मेरी किताब मेरी कहानी का उद्देश्य बच्चों में किताब के प्रति

रुचि बढ़ाना
पढ़ना केवल शैक्षणिक गतिविधि न रहकर जीवन का हिस्सा बने
किताबें जीवन को संवारती हैं : मुकुल राज
डीजे न्यूज, गिरिडीह :
उपायुक्त कार्यालय परिसर से आज रीडिंग कैंपेन “मेरी किताब, मेरी कहानी” के अंतर्गत मोबाइल लाइब्रेरी वैन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों और समुदाय में किताबों के प्रति रुचि बढ़ाना है ताकि पढ़ना केवल शैक्षणिक गतिविधि न रहकर जीवन का हिस्सा बने।
यह कैंपेन झारखंड शिक्षा परियोजना परिषद, रांची के Mera Vidyalaya NIPUN – Main Bhi NIPUN कार्यक्रम का अहम हिस्सा है। अभियान के अंतर्गत 2 से 9 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों को रोचक कहानियों और किताबों तक पहुंच उपलब्ध कराई जाएगी। वैन 29 अगस्त से 2 सितंबर तक विभिन्न प्रखंडों के विद्यालयों में पहुंचकर बच्चों को पठन गतिविधियों से जोड़ेगी।
कार्यक्रम का शुभारंभ जिला शिक्षा अधीक्षक मुकुल राज, सहायक कार्यक्रम पदाधिकारी प्रदीप रवानी, रेनू श्रेष्ठ एवं रूम टू रीड इंडिया ट्रस्ट के डिस्ट्रिक्ट लीड सुजीत कुमार ने संयुक्त रूप से किया। इस अवसर पर मुकुल राज ने कहा कि “प्रतिदिन पढ़ना बच्चों के लिए एक आदत होनी चाहिए। किताबें जीवन को संवारती हैं और यह अभियान बच्चों में पठन संस्कृति विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।”
मोबाइल लाइब्रेरी वैन के संचालन के साथ-साथ 1 सितम्बर को “रीड-अ-थॉन” का आयोजन होगा, जिसमें सुबह 11:00 से 11:30 बजे तक राज्यभर में शिक्षक, छात्र, अभिभावक और समुदाय के लोग एक साथ किताबें पढ़ेंगे।
इस मौके पर जिला परियोजना कार्यालय और रूम टू रीड इंडिया संस्था के प्रतिनिधि, साथ ही पीरामल फाउंडेशन के गांधी फेलो भी उपस्थित रहे।
यह अभियान न केवल बच्चों की बुनियादी साक्षरता को मजबूत करेगा बल्कि विद्यालय और समुदाय में पठन संस्कृति के निर्माण की दिशा में भी एक बड़ा कदम साबित होगा।
