

























































शिकारीपाड़ा में अटल स्मृति सम्मेलन : झारखंड के जन्मदाता थे अटल बिहारी वाजपेयी : रणधीर सिंह

डीजे न्यूज, दुमका : शिकारीपाड़ा विवाह भवन में मंगलवार को भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी बाजपेयी के जयंती शताब्दी वर्ष पर शिकारीपाड़ा विधानसभा स्तरीय अटल स्मृति सम्मेलन आयोजित किया गया। मंडल अध्यक्ष शुभाशीष चटर्जी के अध्यक्षता में आहूत इस सम्मेलन में मुख्यरूप से प्रभारी के रूप में पूर्व कृषि मंत्री रणधीर सिंह ने उपस्थित हुए। साथ में जिलाध्यक्ष गौरव कांत भी मौजूद थे।
पूर्व मंत्री रणधीर सिंह ने अटल बिहारी वाजपेयी के जीवन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि वे व्यक्ति नहीं एक विचार हैं। भारतीय राजनीति के शिखर पुरुष थे, जिन्होंने सिद्धांत और संवेदना को महत्व दिया। उनका जीवन राष्ट्रसेवा, लोकतांत्रिक मूल्यों और सुशासन का प्रेरणास्रोत है। वे एक कुशल राजनेता होने के साथ-साथ एक संवेदनशील कवि, प्रखर वक्ता और दूरदर्शी नेता थे, जिन्होंने देश को दिशा दी और ‘सुशासन’ का मंत्र दिया।
उन्होंने कहा कि उनके प्रधानमंत्री के कार्यकाल में झारखंड को अलग राज्य का दर्जा मिला। वे झारखंड के जन्मदाता के रूप में जाने जाते हैं। बाजपेयी जी ने देश के कई योजनाओं को धरातल पर उतार कर नई दिशा दी है। उनके जीवनी को हम सभी को आत्मसात करने की आवश्यकता है।
कार्यक्रम को जिलाध्यक्ष गौरव कांत, भाजपा नेता पारितोष सोरेन, सुरेश मुर्मू ने भी संबोधित किया। कार्यक्रम में जिला उपाध्यक्ष रघुनाथ दत्ता, बबलु मंडल, पिंटू साह, पूर्व जिला उपाध्यक्ष राम नारायण भगत, जिला परिषद सदस्य विमान सिंह, अविनाश सोरेन, युवा मोर्चा जिलाध्यक्ष रूपेश मंडल, मंडल अध्यक्ष तरुण नंदी, शुभाशीष चटर्जी, रुद्र गोराई, अजय सिंह, कामेश्वर गुप्ता, हेमंत साहा, सुचाँद दास, नरेंद्र साह, नव कुमार घोष, निताई भंडारी, गट्टू कन्नानीय, बबलु दत्ता, नोनिगोपाल पाल, अजय मंडल, सामुएल मुर्मू, जितेन दास, बालेश्वर कानन मराण्डी, पोलटू मंडल, अभिज और अन्य मौजूद थे। रणधीर सिंह को कोट करते हुए सभी ने अपनी बात रखी।



