मृतकों के परिजन को सात लाख मुआवजा, बच्चा की पढ़ाई की व्यवस्था, आउटसोर्सिंग में नियोजन पर बनी सहमति

Advertisements

मृतकों के परिजन को सात लाख मुआवजा, बच्चा की पढ़ाई की व्यवस्था, आउटसोर्सिंग में नियोजन पर बनी सहमति
डीजे न्यूज, तिसरा(धनबाद): बीते दिनों बारिश के दौरान आवास ढहने की घटना में मृतकों के आश्रितों को मुआवजा व नियोजन को लेकर लोदना 8 नंबर के नागरिकों के द्वारा चलाया जा रहा आंदोलन शुक्रवार को खत्म हुआ। लोदना क्षेत्रीय कार्यालय में जारी त्रिपक्षीय वार्ता के दौरान मुआवजा और नियोजन देने पर सहमति बनी। प्रत्येक मृतक के परिजनों को सात लाख रुपया मुआवजा, बच्चे को डीएवी स्कूल में 12वीं तक पढ़ने की व्यवस्था और एक आश्रित को आउटसोर्सिंग में नियोजन देने के अलावा सभी घायलों का इलाज अशर्फी अस्पताल में कराने पर सहमति बनी। तत्काल पांच लाख रुपये और दो लाख रुपये एक महीने बाद दिया जायेगा। सहमति पत्र पर प्रबंधन, कई थाना प्रभारी, यूनियन नेताओं ने हस्ताक्षर किया। इसके बाद सभी मृतकों का शव लोदना 8 नंबर ले जाया गया और अंतिम संस्कार कर दिया गया।


आक्रोशित होते रहे ग्रामीण, मुख्य मार्ग को भी किया बाधित
बुधवार की शाम घटना के बाद से ही स्थानीय लोगों में बीसीसीएल प्रबंधन और आउटसोर्सिंग कंपनी के विरुद्ध आक्रोश पनपने लगा था। विरोध स्वरूप गुरुवार की सुबह से ही स्थानीय ग्रामीणों के साथ ट्रेड यूनियन नेता लोदना जीएम कार्यालय पहुंचने लगे थे। दोपहर करीब 2 बजे जैसे ही तीनों मृतकों का शव जीएम कार्यालय पहुंचा लोग आक्रोशित हो गए। इसके बाद परिजनों के मौजूदगी में पुलिस, प्रबंधन और नेताओं के बीच वार्ता का दौर शुरू हुआ जो गुरुवार की देर रात तक सफल नहीं हो पाया। शुक्रवार को भी कई दौर की वार्ता हुई। दोपहर करीब 2 बजे लोग एक बार फिर आक्रोशित हो गए और जीएम कार्यालय के अंदर घुसने का प्रयास करने लगे जिसे किसी प्रकार से मुस्तैद पुलिस अधिकारियों और जवानों ने विफल कर दिया।  इसके बाद गुस्साए ग्रामीण झरिया-सिंदरी मुख्यमार्ग को जाम करने लगे। इसी बीच समझौता में सभी पक्षों की सहमति बन गई और सभी मृतकों के शव के साथ लोग वापस लौट गए।
ये है पूरा मामला
बता दें कि बुधवार की शाम लोदना 8 नंबर में बारिश से बचने के लिए आधा दर्जन से ज्यादा लोग समीप में ही बीसीसीएल के खाली पड़े एक जर्जर क्वार्टर में छुपने गए थे। लगातार हो रही बारिश के बीच अचानक उक्त जर्जर कवार्टर भरभरा का गिर गया। मलबे की चपेट में आने से तीन लोगों की मौत हो गयी थी जबकि चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए थे।

Social media & sharing icons powered by UltimatelySocial
Scroll to Top